Breaking News

भाकियू की महापंचायत में बिजली कटौती पर फूटा किसानों का गुस्सा

– 18 घंटे बिजली दो, नहीं तो होगा आर-पार का आंदोलन
– सीएम व विद्युत विभाग को भेजा दस सूत्रीय ज्ञापन, रात की रोस्टिंग बंद करने की मांग
– विद्युत वितरण निगम कार्यालय में महापंचायत करते भाकियू अराजनैतिक के पदाधिकारी। फतेहपुर। भीषण गर्मी व लगातार हो रही बिजली कटौती से परेशान किसानों का गुस्सा सोमवार को खुलकर सामने आ गया। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम कार्यालय परिसर में भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के बैनर तले आयोजित किसान महापंचायत में किसानों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर जमकर नाराजगी जताई और सरकार से तत्काल राहत देने की मांग की। जिलाध्यक्ष राजकुमार सिंह गौतम के नेतृत्व में आयोजित महापंचायत में किसानों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, जिलाधिकारी व अधीक्षण अभियंता को संबोधित दस सूत्रीय ज्ञापन सौंपते हुए चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो बड़ा जनआंदोलन छेड़ा जाएगा। महापंचायत में किसानों ने आरोप लगाया कि ग्रामीण क्षेत्रों में रात के समय 6 से 7 घंटे तक बिजली कटौती की जा रही है, जिससे किसान, छात्र और आम जनता सभी परेशान हैं। किसानों ने कहा कि सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का दावा किया जाता है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। सभा में किसानों ने कृषि फीडर व्यवस्था को भी किसान विरोधी बताते हुए कहा कि रात में नलकूपों को पर्याप्त बिजली नहीं मिलती, जिसके चलते किसानों को परिवार सहित खेतों और नलकूपों पर रात गुजारनी पड़ रही है। किसानों ने नलकूप कनेक्शन में ट्रांसफार्मर, पोल, तार व अन्य सामग्री की बढ़ी कीमतों पर भी नाराजगी जताई और पुराने स्टीमेट लागू करने की मांग उठाई। किसानों ने यह भी कहा कि भीषण गर्मी के दौरान बकाया बिल के नाम पर किसानों के कनेक्शन काटना अन्यायपूर्ण है। उन्होंने मांग की कि गर्मी समाप्त होने तक किसी भी किसान का विद्युत कनेक्शन न काटा जाए। महापंचायत में 132 केवी पावर हाउस बेरा गढ़ीवा से पलिया और सिठौरा पावर हाउस को जोड़ने का कार्य तेज करने, ललौली-कोर्रा क्षेत्र में प्रस्तावित पावर हाउस का जल्द निर्माण कराने व सातों धरमपुर में निर्माणाधीन 132 केवी पावर हाउस को शीघ्र चालू कराने की मांग उठाई गई। साथ ही आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त विद्युत लाइनों को प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त करने की भी मांग की गई। महापंचायत को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष राजकुमार सिंह गौतम ने कहा कि किसान लगातार उपेक्षा का शिकार हो रहा है। बिजली संकट के कारण खेती-किसानी पूरी तरह प्रभावित हो रही है, लेकिन विभाग किसानों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रहा। उन्होंने कहा कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो भारतीय किसान यूनियन सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करेगी। इस मौके पर प्रीतम सिंह चंदेल, दीपक गुप्ता, महेन्द्र सिंह, छोटे सिंह, बबलू सिंह, अजय प्रजापति, रवि मौर्य, लवकुश, संजय तिवारी, रणजीत सिंह, दानिश समेत तमाम किसान मौजूद रहे।

About NW-Editor

Check Also

चोरों के गैंग का खुलासा, बंद मकानों में चोरी करने वाले तीन गिरफ्तार

– राधानगर-खागा की चर्चित चोरी की घटनाओं का खुलासा – लाखों के जेवर, नगदी, बाइक …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *