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SIR विवाद पर देशभर में सियासी घमासान, CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस का प्रदर्शन

नई दिल्ली। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर जारी विवाद के बीच कांग्रेस ने शुक्रवार को देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन किया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर राज्य चुनाव आयोग के कार्यालयों और अन्य स्थानों पर विरोध जताया। दिल्ली, पटना, देहरादून, कोलकाता, गुवाहाटी और जम्मू-कश्मीर समेत कई जगहों पर प्रदर्शन हुए।

देहरादून में प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ता बैरिकेडिंग पर चढ़ गए, जबकि पटना में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। जम्मू-कश्मीर विधानसभा में भी कांग्रेस विधायकों ने पोस्टर के साथ CEC के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध जताया।

SIR को लेकर क्या है विवाद?

विवाद का केंद्र मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR की प्रक्रिया है। विपक्षी दल इस प्रक्रिया के तहत मतदाताओं के नाम हटाए जाने, सत्यापन की प्रक्रिया और चुनाव आयोग के फैसलों को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

महाराष्ट्र में SIR को लेकर बॉम्बे हाईकोर्ट में दो याचिकाएं दाखिल हुई हैं। इनमें CEC ज्ञानेश कुमार से जुड़े 14 आदेशों को चुनौती देने, हटाए गए मतदाताओं के नाम बहाल करने और SIR प्रक्रिया में इस्तेमाल किए गए नियमों व प्रक्रियाओं को सार्वजनिक करने जैसी मांगें की गई हैं।

चुनाव आयोग के भीतर मतभेद का दावा

SIR को लेकर चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों की रिपोर्ट सामने आने के बाद राजनीतिक विवाद और तेज हुआ है। मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया कि दो चुनाव आयुक्तों ने पिछले महीनों में SIR से जुड़े कुछ फैसलों पर आपत्तियां दर्ज कराई थीं। चुनाव आयोग की ओर से कहा गया है कि इस तरह की आपत्तियां संस्थागत प्रक्रिया का हिस्सा हैं और अंतिम निर्णय सर्वसम्मति से लिए गए हैं।

विपक्ष की ओर से आगे भी आंदोलन की तैयारी

कांग्रेस ने CEC के खिलाफ विरोध को आगे बढ़ाने की बात कही है। पार्टी की ओर से जिला स्तर पर भी प्रदर्शन की योजना बताई गई है। इसके अलावा विपक्षी दलों के बीच CEC के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव लाने को लेकर भी चर्चा चल रही है।

इस बीच कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने भी CEC के इस्तीफे की मांग करते हुए 2 अक्टूबर से देशव्यापी आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है। संगठन ने इससे पहले 48 घंटे की समयसीमा देने की बात कही थी।

सुप्रीम कोर्ट में भी SIR से जुड़े मामले

SIR को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी कानूनी कार्रवाई चल रही है। वहीं, महाराष्ट्र में दाखिल याचिकाओं में मतदाता सूची से हटाए गए नामों की बहाली और प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की गई है।

CEC ज्ञानेश कुमार को लेकर विपक्षी दलों के आरोपों और चुनाव आयोग की प्रक्रिया पर उठ रहे सवालों के बीच यह विवाद अब राजनीतिक प्रदर्शन से लेकर अदालतों तक पहुंच चुका है।

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