फतेहपुर। कक्षा 12 के छात्र तेजस उर्फ यशु द्विवेदी की संदिग्ध मौत का मामला अब स्कूल से लेकर सौरहा तक की घटनाओं की कड़ियां जोड़ने में उलझ गया है। सरस्वती बाल मंदिर इंटर कॉलेज, शिवपुरम में कथित पिटाई से शुरू हुई घटना छात्र के अकेले साइकिल से स्कूल से निकलने और बाद में मलवां थाना क्षेत्र के सौरहा में अचेतावस्था में मिलने तक पहुंची। छात्र की मौत के बाद उठ रहे सवालों के बीच पुलिस हर कड़ी की बारीकी से जांच कर रही है।
मृतक की मां की तहरीर पर दर्ज मुकदमे में पुलिस ने विद्यालय के प्रधानाचार्य सक्षम द्विवेदी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इसके बाद विद्यालय प्रबंधन की भूमिका और छात्र को दिए गए कथित दंड को लेकर भी सवाल गहराने लगे हैं। पुलिस ने विद्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर कब्जे में लेकर फुटेज की जांच शुरू कर दी है।
जांच में सामने आई जानकारी के अनुसार, विद्यालय के सीसीटीवी फुटेज में तेजस और उसके एक सहपाठी को डंडे से पीटे जाने के दृश्य दिखाई देने की बात सामने आई है। इसके बाद तेजस को करीब एक घंटे 45 मिनट तक अलग बैठाकर रखे जाने की बात भी सामने आई है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस दौरान छात्र की शारीरिक और मानसिक स्थिति कैसी थी तथा उसके साथ विद्यालय में वास्तव में क्या हुआ।
स्कूल से निकलने के बाद की फुटेज बनी अहम कड़ी
मामले की सबसे अहम कड़ी स्कूल से निकलने के बाद की है। विद्यालय से निकलने के बाद रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों में तेजस के साइकिल से अकेले जाते हुए दिखाई देने की जानकारी सामने आई है। इन फुटेज में प्रथम दृष्टया वह किसी गंभीर स्थिति में नजर नहीं आता। इसके कुछ ही समय बाद उसका सौरहा में अचेत अवस्था में मिलना मामले को और पेचीदा बना रहा है।
पुलिस अब स्कूल से सौरहा तक के पूरे रास्ते की घटनाओं को जोड़ने में जुटी है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि रास्ते में तेजस किसी से मिला था या नहीं और वह किन परिस्थितियों में सौरहा तक पहुंचा।
चोटों ने खड़े किए कई सवाल
पोस्टमार्टम में शरीर पर गंभीर चोटों, ब्लड क्लॉटिंग और पसली में फ्रैक्चर की बात सामने आने के बाद जांच का दायरा और बढ़ गया है। पुलिस इस संभावना की भी जांच कर रही है कि छात्र किसी ऊंचाई से गिरा था, रास्ते में उसके साथ कोई घटना हुई या फिर किसी अन्य परिस्थिति में उसे चोटें आईं। फिलहाल किसी भी संभावना को अंतिम रूप नहीं दिया गया है।
प्रधानाचार्य के बाद प्रबंधन की भूमिका पर नजर
तेजस की मौत के बाद परिजनों में आक्रोश है। राजनीतिक दलों और विभिन्न संगठनों की ओर से भी मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठ रही है।
प्रधानाचार्य की गिरफ्तारी के बाद अब विद्यालय प्रबंधन की भूमिका भी पुलिस जांच के दायरे में है। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, घटनास्थल और अन्य साक्ष्यों को आपस में जोड़कर छात्र की मौत की असली वजह तलाश रही है।
जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि विद्यालय में कथित पिटाई के बाद तेजस के साथ क्या हुआ और स्कूल से सौरहा तक पहुंचने के दौरान किन परिस्थितियों में उसकी हालत बिगड़ी।
News Wani
