Breaking News

राज्यसभा से भी पास हुआ एंटी पेपर लीक संशोधन बिल, अब राष्ट्रपति की मंजूरी का इंतजार; राहुल गांधी पर विशेषाधिकार हनन नोटिस

नई दिल्ली। देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई के उद्देश्य से लाया गया पब्लिक एग्जामिनेशन (अनफेयर मीन्स की रोकथाम) संशोधन विधेयक-2026 गुरुवार को राज्यसभा से भी ध्वनिमत से पारित हो गया। इससे पहले यह विधेयक लोकसभा से मंजूरी प्राप्त कर चुका था। अब इसे राष्ट्रपति की स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा। मंजूरी मिलने के बाद यह कानून पूरे देश में लागू हो जाएगा।

सरकार का कहना है कि नया कानून केवल नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि UPSC, कर्मचारी चयन आयोग (SSC), रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB), IBPS सहित सभी प्रमुख सार्वजनिक भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं पर लागू होगा। इसका उद्देश्य परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाना है।

विपक्ष के वॉकआउट के बीच पास हुआ बिल

राज्यसभा में विधेयक पर कई घंटे तक चर्चा हुई। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह जब सरकार का जवाब देने के लिए खड़े हुए तो विपक्षी दलों ने सदन से वॉकआउट कर दिया। सरकार ने विपक्ष के इस कदम को गैर-जिम्मेदाराना बताते हुए कहा कि महत्वपूर्ण मुद्दे पर चर्चा के दौरान सदन छोड़ना लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है।

NTA को लेकर विपक्ष का हमला

बहस के दौरान विपक्ष ने परीक्षा प्रणाली और NTA की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। कई विपक्षी नेताओं ने परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार की मांग की। वहीं सरकार ने दावा किया कि नया कानून पेपर लीक करने वाले संगठित गिरोहों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करेगा और भविष्य में ऐसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगेगी।

राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद बनेगा कानून

संसदीय प्रक्रिया के अनुसार, दोनों सदनों से पारित होने के बाद विधेयक अब राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। उनकी मंजूरी मिलते ही यह पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) अमेंडमेंट एक्ट, 2026 के रूप में लागू हो जाएगा।

राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन नोटिस

इसी बीच संसद में एक नया राजनीतिक विवाद भी सामने आया। भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन और सदन की अवमानना का नोटिस सौंपा है।

नोटिस में आरोप लगाया गया है कि राहुल गांधी ने गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ असंसदीय और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग करते हुए “इडियट” और “अंधभक्त” जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया, जिससे सदन की गरिमा को ठेस पहुंची। अनुराग ठाकुर ने मामले की जांच विशेषाधिकार समिति से कराने और राहुल गांधी से बिना शर्त माफी की मांग की है।

About NW-Editor

Check Also

घर का चाट मसाला बदलेगा फीकी सब्जियों का स्वाद, मिनटों में बनाएं बाजार से भी बेहतर मसाला

-घर में मौजूद मसालों से तैयार करें स्वादिष्ट चाट मसाला, लौकी, तोरई, कद्दू और टिंडे …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *